मुख्य सामग्री पर जाएँ
टैग

#वीगन

भारतीय रसोई में Beyond Meat बर्गर बनाते हुए हाथ, मसाले और सब्ज़ियों के साथ।
वीगनिज़्म

भारत में Beyond Meat की रणनीति: कैसे समझें Q4 गिरावट और नई दिशा

Beyond Meat के Q4 राजस्व में गिरावट के पीछे की रणनीति और भारतीय बाजार में उसके कदमों का विश्लेषण।

14 मिनट पढ़ें
उदास नर बछड़ा डेयरी शेड में अकेला खड़ा है, नर बछड़ों का भाग्य भारतीय डेयरी उद्योग की पीड़ा दर्शाता है।
पादप-आधारित भोजन

नर बछड़ों का भाग्य: भारतीय डेयरी उद्योग में कड़वा सच, 8 टिप्स

भारतीय डेयरी उद्योग में नर बछड़ों के भाग्य को समझें और जानें कि पादप-आधारित भोजन और दयालु उपभोक्ता विकल्प कैसे बदलाव ला सकते हैं।

29 मिनट पढ़ें
भारतीय डेयरी बनाम प्लांट-बेस्ड मिल्क तुलना, दो गिलास दूध और सोयाबीन की फोटो
कृषि

भारतीय डेयरी बनाम प्लांट-बेस्ड मिल्क: पूरी तुलना 2026

जानिए भारतीय डेयरी उद्योग और प्लांट-बेस्ड मिल्क के बीच बढ़ती बहस का वैज्ञानिक, नैतिक और पर्यावरणीय विश्लेषण।

19 मिनट पढ़ें
भारतीय मसालों से सजा वीगन थैंक्सगिविंग भोजन, जिसमें शकरकंद और दाल का स्टू शामिल है।
संरक्षण

वीगन थैंक्सगिविंग रेसिपी: भारतीय ट्विस्ट का इतिहास

जानिए कैसे वीगन थैंक्सगिविंग रेसिपी में भारतीय मसालों और सामग्री का अनोखा संगम हुआ, जो पारंपरिक त्योहार को नया स्वाद देता है।

18 मिनट पढ़ें
भारतीय डेयरी का कार्बन फुटप्रिंट: तथ्य, मिथक और FAO डेटा | FAQ
पशु अधिकार

भारतीय डेयरी का कार्बन फुटप्रिंट: तथ्य, मिथक और FAO डेटा | FAQ

भारतीय डेयरी उद्योग के कार्बन फुटप्रिंट पर ग्लोबल बर्डन ऑफ डिजीज (GBD) के आंकड़ों की सच्चाई जानें, FAO के वैज्ञानिक डेटा से मिथकों को तोड़ें।

17 मिनट पढ़ें
चश्मे वाला भालू चुचो घने जंगल में स्वतंत्र रूप से खड़ा, जो हेबियस कॉर्पस और पशु अधिकारों का प्रतीक है
पादप-आधारित भोजन

चुचो ने हेबियस कॉर्पस जीता: क्या बदलेगा भालुओं का भविष्य?

कोलंबिया के चश्मे वाले भालू चुचो को हेबियस कॉर्पस मिलने के बाद, जानिए सितंबर 2026 में पशु अधिकारों और पादप-आधारित भोजन की दुनिया में यह ऐतिहासिक फैसला क्यों बदलाव ला रहा है।

11 मिनट पढ़ें
भारत में जलवायु मुकदमे की सुनवाई के दौरान पादप-आधारित समाधानों पर चर्चा करता एक आधुनिक कानूनी परिदृश्य।
कृषि

भारत में जलवायु मुकदमे और वीगन जीवनशैली: न्याय की नई दिशा

अदालतों में अब पशुपालन के पर्यावरणीय प्रभावों पर बहस हो रही है, जिससे भारत में जलवायु मुकदमे एक नया मोड़ ले रहे हैं।

21 मिनट पढ़ें